यूँ होता....तो क्या होता!

यहाँ आपको कुछ जन की और कुछ मन की बातें मिलेंगीं। सबकी मुस्कान बनी रहे और हम किसी भी प्रकार की वैमनस्यता से दूर रह, एक स्वस्थ, सकारात्मक समाज के निर्माण में सहायक हों। बस इतना सा ख्वाब है!

बुधवार, 27 जून 2018

तुम मुझे यूं भुला ना पाओगे!

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मोहम्मद रफ़ी का नाम जब-जब सामने आता है तब-तब स्मृतियों में उनका वह सादगी भरा मुस्कुराता चेहरा स्वत: ही घूमने लगता है. एकदम सहज, सरल, हंसमुख....
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भारतीय परिवारों के जानलेवा 'सिक्सर'

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इसे सुनते ही आपके कानों से मवाद बहने लगेगा, हृदय चीत्कार करेगा, भावनाएं बेदम, आहत हो सर पीटेंगी, पर यदि आपने एक सच्चे भारतीय परिवार में जन्...

चाय पे अराजनीतिक चर्चा

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चाय का पहला घूंट, किसने कब लिया था, यह तो याद नहीं होगा. पर इतना तो आप सबको जरूर याद रह गया होगा कि बचपन में गर्मियों या दीवाली की छुट्टियो...

The whole thing is that कि भइया... सबसे बड़ा रुपैया

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सच कहूं तो, कर्नाटक में जो कर्रा नाटक चल रहा है उससे मुझे कोई लेना-देना नहीं. इसलिए नहीं कि मुझे राजनीति में कोई रुचि नहीं और यह रत्ती भर स...

भिया! हम यहाँ हैं!

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भगवान जी ने जब हमें बनाया तो थोड़ा आननफ़ानन में ही निबटा दिया था. अब भई, बड़े लोग हैं, सौ काम होते हैं उन्हें. सो, कुछ पार्ट्स ठीक से फिट करना...
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मंगलवार, 26 जून 2018

#काला_दिवस

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ख़ुदा हम को ऐसी ख़ुदाई न दे  कि अपने सिवा कुछ दिखाई न दे  ख़ता-वार समझेगी दुनिया तुझे  अब इतनी ज़ियादा सफ़ाई न दे  (बशीर बद्र)  प्रत्...
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शुक्रवार, 22 जून 2018

आ_अमदावाद_छे!

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यूँ तो हर मौसम के अपने-अपने दुखड़े और किस्से हैं लेकिन अहमदाबाद की गर्मी की तो बात ही निराली है. दरअसल इसे गर्मी कहना भी इस शब्द का अतिरेक ...
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गुरुवार, 21 जून 2018

विश्व संगीत दिवस: जितना योग जरुरी, उतना ही यह भी

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संगीत, ध्वनि का ऐसा लयबद्ध व्यवहार है जो हमें अपने आपसे जोड़ने में सहायक सिद्ध होता है. भारतीय संस्कृति में भी विभिन्न वाद्य-यंत्रों एवं उनस...
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रविवार, 17 जून 2018

भारतीय परिवार और पिता

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हमारी पितृसत्तात्मक व्यवस्था में पिता को यदि निर्णय लेने से सम्बंधित सभी अधिकार प्राप्त हैं और वह एक राजा की तरह प्रतीत होते हैं तो वहीं जी...
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शुक्रवार, 15 जून 2018

जो_था_अकबर

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कई वर्ष पूर्व एक फिल्म आई थी, 'अमर, अकबर, एंथोनी'. ग़ज़ब की हिट रही थी, साब! क्या गाने, क्या अभिनय, क्या मस्त कॉमेडी और उस पर दोस्ती...
बुधवार, 13 जून 2018

पहले प्रवचन देने वाले संत ख़ुद तो सुधरें!

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राजस्थान सरकार की नैतिक मूल्यों वाली बात तो समझ आती है पर यहाँ एक गंभीर समस्या यह उभर सकती है कि प्रवचन देने वाले किसी धर्म विशेष पर ही फोक...
मंगलवार, 12 जून 2018

किस्से- कहानियाँ

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प्रत्येक यात्रा में कितने चेहरे साथ चलते हैं और न जाने कितने नए चेहरे जुड़ते जाते हैं। हर चेहरा एक कहानी ओढ़े चलता है।  इन कहानियों को सुने ज...
रविवार, 10 जून 2018

Strange things do happen!

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On19th of April we lost our dear bird Sweetu. It was a severe heartache to our family as he was more like a child rather than just a pet ...
गुरुवार, 24 मई 2018

पापी, व्रतों के हिसाब से कैलेंडर देखकर पाप नहीं करता!

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सचमुच हद हो जाती है जब टीवी चैनल्स समाचार को यह कहकर उसमें सनसनाहट भरने की कोशिश करते हैं कि "रमज़ान के महीने में भी पाक़िस्तान ने की फ़ा...
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बुधवार, 23 मई 2018

आश्वासनों के ऊँचें टाल पर संवेदनाएँ पहुँच पाती हैं क्या?

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हमारे अपने देशवासी किन परेशानियों से जूझ रहे हैं, सीमाओं से सटे गांवों से पलायन को मजबूर ये शरणार्थी, शिविर में अपनी कहानी कहते हैं. यहाँ...
सोमवार, 23 अप्रैल 2018

स्वीटू

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नौ महीने का ही था, जब हमारे घर का सदस्य बना। उसकी आँखों में इतना भोलापन और उत्सुकता थी कि मैं समझ ही न पाती थी, उसे प्यार ज्यादा करूँ या ...
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बुधवार, 18 अप्रैल 2018

आज आवाज उठी है, तो कल क़दम भी उठेंगे!

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तीन दिन बाद अभी-अभी फेसबुक log in किया और आते ही वही सब तस्वीरें फ़िर सामने हैं जिन्हें देखने भर से  आप उस भीषण पीड़ा को सोच सिहर उठते हो। ऐस...
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मोमबत्तियों की उजास क्या इस स्याह अँधेरे को रोशन कर पाएगी?

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निर्भया,आयलान, आसिफ़ा और इन जैसे तमाम मासूम, निर्दोषों की दर्दनाक चीखें यहाँ की आबोहवा में बस गई हैं. स्वयं को दोषी ठहराती हवाएँ भारी शर्मिं...
गुरुवार, 12 अप्रैल 2018

बस,बहुत हुआ!!

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मस्तिष्क की सारी नसें फटने लगती हैं, मुट्ठियाँ भिंचती हैं, कलेजा मुँह को आता है. अपना ही सिर दीवार से मार फोड़ देने का मन करता है कि आख़िर हम...
गुरुवार, 22 मार्च 2018

एक बिहारी सबपे भारी

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मेरी मित्रता-सूची में सबसे अधिक संख्या में यदि कोई राज्य नज़र आता है तो वो है बिहार/ झारखंड। पता नहीं, यह महज़ संयोग है या कि यहाँ के लोग सोश...
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